गोपीगंज। "राष्ट्र सेवा सर्वोच्च सेवा" के मूलमंत्र को चरितार्थ करते हुए आज गोपीगंज की सड़कों पर राष्ट्रभक्ति और पर्यावरण संरक्षण का एक अद्भुत संगम देखने को मिला। 15 अगस्त के पावन अवसर पर, 'साइकिल मैन भदोही' *अताउल मुस्तफा अंसारी* के नेतृत्व में *भदोही साइकिलिंग क्लब* के जांबाजों ने तिरंगा साइकिल यात्रा निकालकर इतिहास रच दिया। गोपीगंज बड़ा चौराहा से शुरू हुआ यह देशभक्ति का सैलाब गोपपुर, अमवा और लालानगर की माटी को राष्ट्रप्रेम और हरियाली के संदेश से महकाता हुआ उच्च प्राथमिक विद्यालय कोइलरा पहुंचा। पैडल की हर गूंज में 'वंदे मातरम' और हर सांस में 'पर्यावरण सुरक्षा' का यह संकल्प वाकई वंदनीय है।
जैसे ही यह ऐतिहासिक और भव्य तिरंगा यात्रा *उच्च प्राथमिक विद्यालय कोइलरा* के प्रांगण में प्रविष्ट हुई, वैसे ही वहाँ का संपूर्ण वातावरण अद्भूत, अलौकिक और अभूतपूर्व गौरव से सराबोर हो उठा। चारों ओर गूंजते देशभक्ति के तराने और भारत माता के जयकारों ने उपस्थित जनसमुदाय के रोंगटे खड़े कर दिए। विद्यालय की ऊर्जावान प्रधानाध्यापिका ज्योति कुमारी के नेतृत्व में समस्त शिक्षक-शिक्षिकाओं और नौनिहालों ने पलक-पावड़े बिछाकर इस राष्ट्रभक्ति के कारवां का स्वागत किया। बैंड-बाजे की सुमधुर और ओजस्वी धुनों के बीच, भारत माता के इन वीर सपूतों और पर्यावरण योद्धाओं पर पुष्पवर्षा की गई। पूरा परिसर 'वंदे मातरम' के उद्घोष और तालियों की गड़गड़ाहट से गुंजायमान हो उठा, जिसने इस पल को इतिहास के पन्नों में अमर कर दिया।
उच्च प्राथमिक विद्यालय कोइलरा की ऊर्जावान एवं प्रखर राष्ट्रभक्त *प्रधानाध्यापिका ज्योति कुमारी* ने उपस्थित जनसमुदाय को संबोधित करते हुए अत्यंत भावुक और प्रेरणादायी विचार व्यक्त किए। उन्होंने कहा, "यह पावन मातृभूमि हमारी जननी है, और इस देश तथा समाज के लिए हम अपना सर्वस्व भी न्योछावर कर दें, तो वह कम होगा। हम ऋणमुक्त तभी हो सकते हैं जब राष्ट्र के प्रति अपनी जिम्मेदारियों को समझें।" उन्होंने आगे हुंकार भरते हुए कहा कि व्यक्ति चाहे किसी भी पद, प्रतिष्ठा, सरकारी या निजी नौकरी में क्यों न हो, उसका सबसे पहला और अंतिम कर्तव्य देश के प्रति होना चाहिए। हर नागरिक को अपने दैनिक कार्य और व्यवसाय के साथ-साथ देश की उन्नति और समाज के कल्याण के लिए निरंतर कुछ न कुछ गिलहरी योगदान करते रहना चाहिए, क्योंकि व्यक्तिगत विकास से ऊपर राष्ट्र का विकास है।
स्वागत की भव्यता के बाद यह ऐतिहासिक महा-अभियान एक महा-आंदोलन में तब्दील हो गया। भदोही साइकिलिंग क्लब के जांबाज पर्यावरण योद्धाओं के साथ उच्च प्राथमिक विद्यालय कोइलरा की ऊर्जावान प्रधानाध्यापिका ज्योति कुमारी, समस्त शिक्षक-शिक्षिकाएं और हाथों में तिरंगा थामे देश के भावी कर्णधार (नौनिहाल) एक साथ कदम से कदम मिलाकर सड़कों पर उतर आए। विद्यालय प्रांगण से जब इस भव्य और विशाल तिरंगा यात्रा का पुनः शंखनाद हुआ, तो कोइलरा से लेकर अमिलौर तक की पूरी धरती 'भारत माता की जय' और 'वंदे मातरम' के गगनभेदी उद्घोष से गुंजायमान हो उठी। इस अभूतपूर्व और ऐतिहासिक भ्रमण ने समूचे क्षेत्र के जन-जन के हृदय में राष्ट्रप्रेम, स्वाभिमान और पर्यावरण संरक्षण की एक ऐसी अमर ज्योति प्रज्वलित कर दी, जिसे आने वाली पीढ़ियां युगों-युगों तक याद रखेंगी।
इस मुहिम को सफल बनाने में मुख्य रूप से प्रवीण श्रीवास्तव, जगदीश यादव, प्रमोद मौर्या, बनारसी बिंद, सरफराज अहमद, जिगर गुप्ता, अबू हुरैरा अंसारी, हिमांशु चौधरी, अजहान खान, रोहित बिंद, हमजा सिद्दीकी, उज्जवल गुप्ता, गोपाल गौतम सहित बड़ी संख्या में युवाओं ने हिस्सा लिया।




